रायपुर पुलिस ने सिंथेटिक ड्रग्स के खिलाफ एक बड़े अभियान के तहत दिल्ली से संचालित होने वाले एक संगठित ड्रग सिंडिकेट को ध्वस्त कर दिया है। इस कार्रवाई में पुलिस ने गिरोह के दो सरगनाओं समेत कुल छह लोगों को हिरासत में लिया है। यह गिरोह राजधानी में एमडीएमए (MDMA) जैसे महंगे नशे की सप्लाई के लिए तकनीकी चालाकी और स्थानीय कूरियर नेटवर्क का सहारा ले रहा था। पूरी कार्रवाई को रायपुर क्राइम ब्रांच (ACCU) और तेलीबांधा पुलिस ने बेहद गोपनीय तरीके से अंजाम दिया।
जांच में यह सनसनीखेज खुलासा हुआ कि यह सिंडिकेट ‘डेड ड्रॉप’ पद्धति का इस्तेमाल कर रहा था। इस तरीके में ड्रग्स की डिलीवरी सीधे हाथों में देने के बजाय किसी सुनसान जगह पर छिपा दी जाती थी और खरीदार को उस जगह का वीडियो और जीपीएस लोकेशन भेज दी जाती थी। इस काम के लिए गिरोह ने शहर के रैपिडो राइडर्स को अपना मोहरा बनाया था, ताकि पुलिस की चेकिंग से बचा जा सके। दिल्ली में बैठे मास्टरमाइंड महेश खड़का और कुसुम हिंदुजा वहां से कूरियर के जरिए माल रायपुर भेजते थे।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से लगभग ₹10 लाख मूल्य का सामान जब्त किया है। इसमें ₹7 लाख की 48 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स, पार्टी पिल्स, तस्करी में इस्तेमाल की गई स्प्लेंडर बाइक और 9 स्मार्टफोन शामिल हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में तीन रैपिडो राइडर और रायपुर का स्थानीय वितरक कुणाल मंगतानी शामिल है। पुलिस की एक विशेष टीम ने दिल्ली के पंचशील विहार में दबिश देकर दोनों मुख्य साजिशकर्ताओं को गिरफ्तार किया है, जिनका पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी रहा है।
पूछताछ के दौरान गिरोह के अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन भी सामने आए हैं। आरोपियों ने स्वीकार किया है कि वे नशे की यह खेप दिल्ली में सक्रिय नाइजीरियन तस्करों से खरीदते थे। पुलिस अब इस नाइजीरियन लिंक को खंगालने में जुटी है ताकि नशे की इस जड़ों को पूरी तरह काटा जा सके। अधिकारियों का मानना है कि इस गिरफ्तारी से रायपुर में ड्रग्स के एक बड़े और आधुनिक नेटवर्क पर लगाम लगेगी।
रायपुर पुलिस ने इस सफलता के बाद शहर के नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नशे के विरुद्ध ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई जा रही है। युवाओं को नशे के दलदल से बचाने के लिए पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि वे किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या लावारिस पार्सल की जानकारी तुरंत साझा करें, ताकि शहर को सुरक्षित और नशा मुक्त रखा जा सके।

