रायपुर/जशपुर: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार ने जशपुर जिले के विकास की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया है। क्षेत्रीय बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के संकल्प को दोहराते हुए, शासन ने कुनकुरी-तपकरा-लवाकेरा मार्ग पर स्थित श्री नदी में उच्च स्तरीय पुल और पहुंच मार्ग निर्माण के लिए 9 करोड़ 45 लाख 85 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान कर दी है। यह निर्णय वर्ष 2025-26 के बजट प्रावधानों के तहत लिया गया है, जो क्षेत्र की लंबे समय से लंबित मांग को पूरा करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।
यह परियोजना न केवल स्थानीय आवागमन को सुधारेगी, बल्कि सामरिक और व्यापारिक दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। कुनकुरी-तपकरा-लवाकेरा मार्ग छत्तीसगढ़ को पड़ोसी राज्यों झारखंड और ओडिशा से जोड़ने वाली एक प्रमुख कड़ी है। श्री नदी पर आधुनिक उच्च स्तरीय पुल के निर्माण से इन तीनों राज्यों के बीच का संपर्क अब और अधिक सुरक्षित, सुगम और निर्बाध हो जाएगा। इससे अंतरराज्यीय व्यापार को बढ़ावा मिलेगा और परिवहन की लागत व समय में भी उल्लेखनीय कमी आएगी।

वर्तमान परिस्थितियों की बात करें तो इस मार्ग पर बना पुराना सकरा पुल मानसून के दौरान क्षेत्रवासियों के लिए बड़ी मुसीबत बन जाता था। बरसात के दिनों में नदी का जलस्तर बढ़ने पर आवागमन पूरी तरह ठप्प हो जाता था, जिससे ग्रामीणों और राहगीरों को अपनी जान जोखिम में डालकर यात्रा करनी पड़ती थी। जलमग्न पुल के कारण आपातकालीन सेवाएं जैसे एम्बुलेंस और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति भी बाधित होती थी। नए पुल की स्वीकृति मिलने से अब बरसात के मौसम में होने वाली इस गंभीर समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा।
पुल के निर्माण का सीधा प्रभाव क्षेत्र की सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों पर पड़ेगा। सुलभ मार्ग होने से जशपुर के दूरस्थ अंचलों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बेहतर होगी। साथ ही, कृषि उत्पादों को मंडियों तक ले जाना आसान होगा, जिससे किसानों की आय में वृद्धि और रोजगार के नए अवसरों का सृजन होगा। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि यह पुल न केवल कंक्रीट का ढांचा होगा, बल्कि यह क्षेत्र की प्रगति के लिए विकास के नए द्वार खोलने का काम करेगा।
मुख्यमंत्री की इस पहल पर जशपुर जिले और विशेषकर कुनकुरी क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। स्थानीय ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार सीमावर्ती और ग्रामीण क्षेत्रों की जमीनी जरूरतों को समझ रही है। ग्रामीणों का कहना है कि श्री नदी पर पुल की मांग वर्षों से की जा रही थी, जिसे वर्तमान सरकार ने प्राथमिकता के आधार पर स्वीकार किया है। यह कदम दर्शाता है कि शासन अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
आने वाले समय में, यह उच्च स्तरीय पुल जशपुर जिले की कनेक्टिविटी को एक नई ऊंचाई प्रदान करेगा। प्रशासनिक स्वीकृति के बाद अब लोक निर्माण विभाग द्वारा इसके निर्माण की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी। शासन की इस कार्ययोजना से यह स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती क्षेत्रों में अधोसंरचना विकास को एक नई गति मिल रही है, जिससे राज्य के सुदूर इलाकों की मुख्यधारा से दूरी कम होगी और क्षेत्रीय असंतुलन को समाप्त करने में मदद मिलेगी।

