त्योहारों और धार्मिक आयोजनों के दौरान बढ़ते ध्वनि प्रदूषण और हुड़दंग पर लगाम कसने के लिए रायपुर पुलिस ने कड़ा रुख अपना लिया है। नियमों और निर्धारित ध्वनि मानकों का उल्लंघन करने वाले डीजे संचालकों के खिलाफ पुलिस ने अब कानूनी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है, जिसके तहत हाल ही में दो संचालकों पर सख्त कार्रवाई की गई है।
पुलिस उपायुक्त मध्य क्षेत्र, रायपुर, तारकेश्वर पटेल ने मध्य क्षेत्र के सभी राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों को इस संबंध में स्पष्ट निर्देश दिए थे। इसके तहत पुलिस अधिकारियों ने डीजे एवं धुमाल संचालकों की बैठक लेकर उन्हें सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की पूरी जानकारी दी थी और नियमों का सख्ती से पालन करने की हिदायत दी थी।

इसी कड़ी में 13 सितंबर को थाना सिविल लाइन क्षेत्र में पुलिस ने औचक जांच अभियान चलाया। इस दौरान जनता कॉलोनी, राजेंद्र नगर और जोगी बंगला सिविल लाइन के पास डीजे संचालन में तय नियमों और ध्वनि निर्देशों की अनदेखी का मामला सामने आया, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की।
जांच में दोषी पाए जाने पर पुलिस ने डीजे संचालक राजेंद्र साहू और रूपेश पासी के खिलाफ कोलाहल अधिनियम की धारा 4, 5 और 15 के तहत औपचारिक कार्रवाई की है। प्रशासन का यह कदम स्पष्ट करता है कि नियमों की अवहेलना करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा।
कार्रवाई के साथ ही रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के मध्य जोन ने सभी आयोजकों और डीजे संचालकों से विशेष अपील की है। पुलिस ने साफ किया है कि जुलूस या कार्यक्रम समाप्त होने के बाद भी तेज आवाज में डीजे बजाना, सार्वजनिक स्थानों पर हुज्जतबाजी करना और शांति व्यवस्था भंग करना पूरी तरह से अवैध है और ऐसा करने वालों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

