महाराष्ट्र के नासिक जिले के दिंडोरी इलाके से एक रूह कंपा देने वाली खबर सामने आई है। दिंडोरी के शिवाजी नगर में एक अनियंत्रित अर्टिगा कार सड़क किनारे स्थित पानी से भरे गहरे कुएं में जा गिरी। इस दुखद हादसे में 3 मासूम बच्चों और 2 महिलाओं समेत कुल 9 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। बताया जा रहा है कि यह सभी लोग एक निजी क्लास के एनुअल फंक्शन कार्यक्रम में शामिल होकर खुशी-खुशी अपने घर लौट रहे थे, लेकिन रास्ते में ही मौत ने उन्हें अपना ग्रास बना लिया।
हादसे की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मारुति सुजुकी अर्टिगा (MH15-JS-1053) की गति संभवतः तेज थी और चालक का संतुलन अचानक बिगड़ गया, जिससे कार सीधे कुएं में समा गई। रात का अंधेरा होने के कारण बचाव कार्य में काफी मुश्किलें आईं। स्थानीय नागरिकों ने तुरंत पुलिस और प्रशासन को सूचित किया, जिसके बाद एनडीआरएफ (NDRF) की टीम और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। भारी मशक्कत के बाद देर रात क्रेन की मदद से कार को पानी से बाहर निकाला जा सका, लेकिन तब तक गाड़ी में सवार सभी लोगों की सांसें थम चुकी थीं।
इस दुर्घटना ने दरगुडे परिवार को पूरी तरह से उजाड़ दिया है। मृतकों में दरगुडे परिवार के 5 मुख्य सदस्य और उनके 4 अन्य करीबी रिश्तेदार शामिल हैं। मृतकों की पहचान राखी सुनील दरगोडे, श्रद्धा अनिल दरगोडे, श्रावणी अनिल दरगोडे, सुनील दत्तु दरगोडे और उषा अनिल दरगोडे के रूप में हुई है। एक ही झटके में हंसते-खेलते परिवार के खत्म होने की खबर से पूरे दिंडोरी शहर में शोक की लहर दौड़ गई है और हर कोई इस हृदयविदारक घटना से स्तब्ध है।
पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। शुरुआती जांच में हादसे का कारण वाहन पर से नियंत्रण खोना माना जा रहा है, हालांकि पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या सड़क पर सुरक्षा घेरे (बैरिकेडिंग) की कमी या वाहन में किसी तकनीकी खराबी के कारण यह हादसा हुआ। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सड़क किनारे स्थित खुले कुओं के चारों ओर सुरक्षा दीवारें बनाई जाएं।

