चेन्नई: आईपीएल 2026 के सातवें मुकाबले में क्रिकेट प्रेमियों को एक हाई-स्कोरिंग थ्रिलर देखने को मिला, जहाँ पंजाब किंग्स (PBKS) ने चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) के अभेद्य किले एमए चिदंबरम स्टेडियम में सेंध लगा दी। टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने उतरी पंजाब की टीम ने चेन्नई को बड़ा स्कोर बनाने का न्योता दिया। हालांकि चेन्नई ने 200 रनों का आंकड़ा पार किया, लेकिन पंजाब के बल्लेबाजों ने अनुशासित और आक्रामक खेल दिखाते हुए 18.4 ओवरों में ही लक्ष्य हासिल कर लिया। इस जीत के साथ पंजाब ने टूर्नामेंट में अपनी लगातार दूसरी जीत दर्ज की है, जबकि चेन्नई को अपने ही घर में लगातार दूसरी हार का स्वाद चखना पड़ा।
चेन्नई सुपर किंग्स की शुरुआत सधी हुई रही, जिसमें युवा बल्लेबाज आयुष म्हात्रे ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। म्हात्रे ने पंजाब के गेंदबाजों के खिलाफ निडर होकर बल्लेबाजी की और मैदान के चारों ओर शॉट लगाते हुए 73 रनों की शानदार पारी खेली। कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ और मध्यक्रम में सरफराज खान ने भी उपयोगी योगदान दिया, जिससे चेन्नई ने निर्धारित 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 209 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। पंजाब की ओर से वैशाख विजय कुमार सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने दो महत्वपूर्ण विकेट झटककर चेन्नई को और बड़े स्कोर तक पहुँचने से रोका।
210 रनों के भारी-भरकम लक्ष्य का पीछा करने उतरी पंजाब किंग्स की शुरुआत बेहद आक्रामक रही। ओपनर प्रियांश आर्य और विकेटकीपर बल्लेबाज प्रभसिमरन सिंह ने पहले विकेट के लिए महज कुछ ही ओवरों में 61 रन जोड़कर मैच का रुख अपनी ओर मोड़ लिया। प्रियांश ने 39 रनों की तेजतर्रार पारी खेली, जबकि प्रभसिमरन ने 43 रन बनाकर आउट होने से पहले चेन्नई के गेंदबाजों को बैकफुट पर धकेल दिया। इस मजबूत नींव ने मध्यक्रम के बल्लेबाजों के लिए काम आसान कर दिया और चेन्नई के स्पिनर्स पर दबाव बनाए रखा।
मध्यक्रम में कप्तान श्रेयस अय्यर ने मोर्चे को संभाला और एक कप्तानी पारी खेलते हुए अपना अर्धशतक पूरा किया। अय्यर ने 50 रनों की पारी के दौरान स्ट्राइक रोटेट करने के साथ-साथ बड़े हिट्स भी लगाए, जिससे टीम कभी भी रन रेट की रेस में पीछे नहीं रही। उनके साथ कोपर कोनोली ने 36 रनों की अहम पारी खेलकर जीत की राह को और आसान बना दिया। हालांकि चेन्नई की ओर से मैट हेनरी और अंशुल कंबोज ने दो-दो विकेट लेकर वापसी की कोशिश की, लेकिन पंजाब के बल्लेबाजों ने संयम नहीं खोया और मैच को अंत तक ले गए।
अंतिम ओवरों में पंजाब को कुछ बड़े शॉट की जरूरत थी, जिसे शशांक सिंह और मार्कस स्टोइनिस ने बखूबी पूरा किया। शशांक सिंह ने एक बार फिर अपनी ‘फिनिशर’ की भूमिका के साथ न्याय करते हुए नाबाद 14 रन बनाए, जबकि स्टोइनिस 9 रन बनाकर नाबाद रहे। पंजाब ने 8 गेंदें शेष रहते ही 210 रन बनाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया। चेन्नई की गेंदबाजी इस मैच में फीकी नजर आई, खासकर अंतिम ओवरों में रनों पर अंकुश लगाने और विकेट निकालने में नाकाम रहने के कारण उन्हें इस हार का सामना करना पड़ा।
इस जीत के साथ पंजाब किंग्स अंक तालिका में अपनी स्थिति मजबूत कर ली है और उनकी टीम पूरी लय में नजर आ रही है। दूसरी ओर, ऋतुराज गायकवाड़ की अगुवाई वाली चेन्नई सुपर किंग्स के लिए यह हार एक चेतावनी की तरह है, विशेषकर उनके घरेलू मैदान पर। टीम को अपनी गेंदबाजी रणनीति और डेथ ओवरों के प्रदर्शन पर गंभीरता से विचार करना होगा ताकि वह आगामी मैचों में टूर्नामेंट में वापसी कर सके। फिलहाल, चेपॉक का मैदान पंजाब के जश्न और चेन्नई की खामोशी का गवाह बना हुआ है।

