कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख और राज्यसभा सांसद सोनिया गांधी को स्वास्थ्य बिगड़ने के कारण दिल्ली के सर गंगा राम अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मंगलवार रात उन्हें अचानक सीने में जकड़न और सांस लेने में तकलीफ महसूस हुई, जिसके बाद उन्हें तुरंत चिकित्सा सहायता के लिए ले जाया गया। 79 वर्षीय सोनिया गांधी की सेहत को देखते हुए उनके बेटे राहुल गांधी और बेटी प्रियंका गांधी वाड्रा भी अस्पताल पहुंचे, जहां डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनके स्वास्थ्य की सघन निगरानी कर रही है।
अस्पताल के बुलेटिन के अनुसार, सोनिया गांधी का इलाज चेस्ट मेडिसिन विभाग के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. अरूप बासु की देखरेख में चल रहा है। डॉक्टरों का कहना है कि उनकी स्थिति फिलहाल स्थिर है और चिंता की कोई बात नहीं है। प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि दिल्ली में बदलते मौसम और बढ़ते प्रदूषण के स्तर के कारण उनका ‘ब्रोंकियल अस्थमा’ (Bronchial Asthma) उभर आया है, जिससे उन्हें सांस लेने में कठिनाई हो रही थी।
सोनिया गांधी के लिए स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियां नई नहीं हैं। इसी साल जनवरी में भी उन्हें फेफड़ों में संक्रमण और सांस की समस्या के कारण इसी अस्पताल में भर्ती होना पड़ा था। इसके अलावा, जून 2025 में उन्हें पेट में गंभीर संक्रमण (Infection) की शिकायत हुई थी, जिसके चलते उन्हें कई दिनों तक डॉक्टरी देखरेख में रहना पड़ा था। साल 2011 में अमेरिका में हुए उनके कैंसर के इलाज के बाद से ही वे अपनी सेहत को लेकर काफी सतर्क रहती हैं और नियमित अंतराल पर जांच करवाती रहती हैं।
उनके राजनीतिक सफर की बात करें तो सोनिया गांधी भारतीय राजनीति का एक ऐसा चेहरा रही हैं जिन्होंने सत्ता के शीर्ष पर होने के बावजूद त्याग की मिसाल पेश की। 1968 में राजीव गांधी से विवाह के बाद उन्होंने लंबे समय तक खुद को राजनीति से दूर रखा, लेकिन 1991 में पति की हत्या और फिर 1998 में पार्टी के संकटपूर्ण दौर में उन्होंने कांग्रेस की कमान संभाली। उनके नेतृत्व में कांग्रेस ने 2004 और 2009 के लोकसभा चुनावों में ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी।
सोनिया गांधी के जीवन का सबसे चर्चित मोड़ वह था जब उन्होंने दो बार प्रधानमंत्री बनने के अवसर को ठुकरा कर डॉ. मनमोहन सिंह को इस पद के लिए नामित किया। उनके इस फैसले ने न केवल देश बल्कि पूरी दुनिया को हैरान कर दिया था। वर्तमान में वह राज्यसभा सांसद के रूप में सक्रिय हैं और कांग्रेस संसदीय दल का नेतृत्व कर रही हैं। फिलहाल अस्पताल प्रशासन और कांग्रेस पार्टी की ओर से उनके जल्द स्वस्थ होने की उम्मीद जताई जा रही है।

