फुटबॉल जगत के महानतम खिलाड़ियों में शुमार लियोनेल मेसी ने 39 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल को हमेशा के लिए अलविदा कह दिया है। अर्जेंटीना की जर्सी के साथ दो दशक से अधिक लंबे इस ऐतिहासिक सफर के थमने से दुनियाभर के खेल प्रेमियों में भारी निराशा है। मेसी ने 2026 के फुटबॉल विश्व कप के तुरंत बाद सोशल मीडिया के माध्यम से अपने संन्यास की आधिकारिक घोषणा की।
यह फैसला मेसी और उनके करोड़ों प्रशंसकों के लिए बेहद भावुक और दिल तोड़ने वाला रहा है। अपने विदाई संदेश में उन्होंने स्वीकार किया कि राष्ट्रीय टीम से अलग होने का यह निर्णय उनके लिए आसान नहीं था। उन्होंने लिखा कि इस पर काफी सोच-विचार करने के बाद उन्हें अहसास हुआ कि अब अर्जेंटीना की नीली-सफेद जर्सी उतारने का यही सही समय है।
मेसी के अंतरराष्ट्रीय करियर का सबसे स्वर्णिम पल साल 2022 में आया, जब उनकी जादुई कप्तानी में अर्जेंटीना ने कतर में आयोजित फीफा वर्ल्ड कप का खिताब जीता था। साल 1986 के बाद यह देश का पहला विश्व कप था, जिसे पूरा करने के लिए मेसी ने टूर्नामेंट में 7 शानदार गोल दागे और अपने जीवन का सबसे बड़ा सपना साकार किया।
इस ऐतिहासिक सफलता के अलावा भी मेसी के नेतृत्व में अर्जेंटीना की विजय यात्रा लगातार जारी रही। उनकी अगुवाई में टीम ने साल 2021 और 2024 में लगातार दो बार प्रतिष्ठित कोपा अमेरिका का खिताब अपने नाम किया। इन ट्रॉफियों ने यह साबित कर दिया कि मेसी के रहते अर्जेंटीना वैश्विक फुटबॉल की सबसे बड़ी ताकतों में शुमार रही।
अपने करियर में मेसी कुल तीन बार विश्व कप के फाइनल मुकाबले तक पहुंचे। साल 2014 के फाइनल में जर्मनी के खिलाफ हार का दर्द झेलने के बाद, उन्होंने 2022 में फ्रांस को हराकर ट्रॉफी उठाई। वहीं, 2026 के विश्व कप में भी उनकी टीम फाइनल तक पहुँची, लेकिन स्पेन के खिलाफ कड़े मुकाबले में हार के बाद उन्हें उपविजेता बनकर संतोष करना पड़ा।
अंतिम विश्व कप में भी 39 वर्षीय मेसी का प्रदर्शन लाजवाब रहा, जहां उन्होंने 8 गोल दागे और 4 गोल में शानदार असिस्ट किए। इस महीने की शुरुआत में उनके पिता जॉर्ज मेसी के निधन के बाद से ही उनके भविष्य को लेकर अटकलें तेज थीं। पिता के जाने के बाद उनके इस फैसले ने इस बात पर मुहर लगा दी कि अब वह राष्ट्रीय जिम्मेदारियों से मुक्त होना चाहते हैं।
भले ही मेसी ने अर्जेंटीना के लिए खेलना छोड़ दिया हो, लेकिन उनके फैंस के लिए एक राहत की खबर यह है कि वह क्लब फुटबॉल से जुड़े रहेंगे। वह अमेरिका के मेजर लीग सॉकर (MLS) क्लब ‘इंटर मियामी’ के लिए अपना खेल जारी रखेंगे, जिसके साथ उनका मौजूदा अनुबंध 2028 तक का है।
अर्जेंटीना की जर्सी के साथ लियोनेल मेसी का यह जादुई अध्याय भले ही समाप्त हो गया हो, लेकिन उनकी उपलब्धियां, जुझारूपपन और मैदान पर बिखेरा गया उनका जादू फुटबॉल इतिहास के पन्नों में हमेशा अमर रहेगा। उनके इस संन्यास के साथ अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल के एक अद्भुत युग का अंत हो गया है।

